मोर गांव मोर पानी महाअभियान’ से जल संरक्षण को मिल रही नई दिशा
Water conservation is getting a new direction through the 'More Village More Water Campaign'
प्रदेशभर में 497 लूज बोल्डर चेक डैम निर्माण कार्य स्वीकृत, 139 पूर्ण
भू-जल संवर्धन, जल संचयन और ग्रामीण रोजगार सृजन को मिलेगा बढ़ावा’
रायपुर, 27 मई 2026

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में प्रदेश में जल संरक्षण एवं भू-जल संवर्धन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से मनरेगा अंतर्गत संचालित ‘‘मोर गांव मोर पानी महाअभियान’’ के तहत व्यापक स्तर पर लूज बोल्डर चेक डैम निर्माण कार्य किए जा रहे हैं। अभियान के अंतर्गत विभिन्न ग्रामीण क्षेत्रों में वर्षा जल संचयन और जल स्रोतों के पुनर्भरण के लिए कुल 497 लूज बोल्डर चेक डैम स्वीकृत किए गए हैं, जिनमें से 139 कार्य पूर्ण हो चुके हैं तथा 253 स्थानों पर निर्माण कार्य प्रगति पर है।
सरगुजा जिले के सभी 7 विकासखंडों अम्बिकापुर, लुण्ड्रा, सीतापुर, बतौली, मैनपाट, उदयपुर और लखनपुर में इन संरचनाओं का निर्माण कराया जा रहा है। इनका मुख्य उद्देश्य वर्षा जल को गांवों में ही रोककर भू-जल पुनर्भरण को बढ़ावा देना तथा स्थानीय जल स्रोतों को सशक्त बनाना है।
नालों में निर्मित किए जा रहे लूज बोल्डर चेक डैम वर्षा जल के बहाव को नियंत्रित कर उसके ठहराव समय को बढ़ाते हैं, जिससे अधिक मात्रा में पानी जमीन में रिसकर भू-जल स्तर को बढ़ाने में सहायक होता है। इससे गर्मी के मौसम में सूखने वाले हैंडपंपों एवं कुओं में वर्षभर पानी की उपलब्धता सुनिश्चित होगी। साथ ही कृषि कार्यों के लिए अतिरिक्त जल उपलब्ध होने से रबी एवं ग्रीष्मकालीन फसलों को भी लाभ मिलेगा।
यह संरचनाएं पहाड़ी एवं ढलान वाले क्षेत्रों में मिट्टी कटाव रोकने में भी प्रभावी साबित हो रही हैं। स्थानीय स्तर पर उपलब्ध पत्थरों से कम लागत में निर्मित ये चेक डैम ग्रामीण क्षेत्रों के लिए ‘‘वाटर रिचार्ज बैंक’’ के रूप में कार्य कर रहे हैं।
अभियान के तहत निर्माण कार्यों से बड़ी संख्या में ग्रामीण श्रमिकों को मनरेगा के माध्यम से स्थानीय स्तर पर रोजगार भी उपलब्ध हो रहा है। मानसून पूर्व अधिकतम लूज बोल्डर चेक डैम पूर्ण करने का लक्ष्य रखा गया है, ताकि इस वर्ष होने वाली वर्षा का अधिकतम जल संचयन सुनिश्चित किया जा सके।






