ईंधन अधिभार में कमी आने से इस महीने कम बिजली बिल देंगे उपभोक्ता

Consumers will pay less electricity bills this month due to reduction in fuel surcharge

ईंधन अधिभार में कमी आने से इस महीने कम बिजली बिल देंगे उपभोक्ता

रायपुर।  प्रदेश के 65 लाख बिजली उपभोक्ताओं को इस महीने के बिल में राहत मिलेगी। उनके बिजली बिल में लगने वाला ईंधन एवं विद्युत क्रय समायोजन अधिभार (एफपीपीएएस) इसबार कम हो गया है, लगातार दूसरे महीने इसकी दर में कमी आई है।

जून महीने के बिल में उपभोक्ताओं ने जितना बिल भरा होगा, उसमें ऊर्जा प्रभार का 1.44 प्रतिशत की छूट उन्हें मिलेगी। यानी वे उस अनुपात में कम बिल अदा करेंगे।

केंद्रीय विद्युत मंत्रालय भारत सरकार की अधिसूचना के अनुसार बिजली बिल में वेरियेबल कॉस्ट एडजेस्टमेंट (वीसीए) शुल्क के स्थान पर अब ईंधन एवं विद्युत क्रय समायोजन अधिभार (एफपीपीएएस) लिया जाता है।

पहले इसे हर दो महीने में आकलित किया जाता था, अब यह हर महीने बिजली कंपनी अपने उपयोग के लिए खरीदी गई बिजली के आधार पर नए फार्मूले से तय करती है।

बीते महीने छत्तीसगढ़ स्टेट पॉवर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी व्दारा बिजली लागत में कमी आई है, लिहाजा जून महीने की गई खपत में लगने वाला ईंधन अधिभार 1.44 प्रतिशत कम लगेगा। इस अनुपात में जुलाई के बिल में (जिसे अगस्त में जमा किया जाएगा) इतना प्रतिशत की छूट मिल जाएगी।

डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी के प्रबंध निदेशक श्री भीम सिंह कंवर ने बताया कु यह छूट कम्प्यूटराइज्ड स्वगणना प्रणाली से बिल में घटा दिया जाएगा, जिसे अधिभार कॉलम में अंकित किया जाएगा।

ऐसा लगातार दूसरा महीने है, जिसमें इस अधिभार में कमी आई है। पिछले महीने यह अधिभार 0.12 प्रतिशत कम था। पहले ईंधन अधिभार 12 प्रतिशत तक अधिक लगता था, जिससे बिल अधिक आता था। पॉवर कंपनी के बेहतर प्रबंधन और संयंत्रों के उत्पादन में संतुलन से यह अधिभार कम हुआ है। इससे हर उपभोक्ता के बिल में कुछ राशि घटी हुई दिखाई देगी।