टेलीग्राम एप पर चीन के गैंग ने खरीदे खाते, इनमें आया ठगी का रुपया

A Chinese gang bought accounts on the Telegram app and received defrauded money

टेलीग्राम एप पर चीन के गैंग ने खरीदे खाते, इनमें आया ठगी का रुपया

ग्वालियर के टेकनपुर स्थित बीएसएफ अकादमी में कार्यरत इंस्पेक्टर अबसार अहमद को एक माह तक डिजिटल अरेस्ट कर 70.24 लाख रुपये ठगी करने वाले गैंग के तार चीन से जुड़े पाए गए हैं। चीन की ठग गैंग को टेलीग्राम एप पर दिल्ली के एजेंट अखिल सिंह ने कोटा (राजस्थान) निवासी अंकित वर्मा का बैंक खाता बेचा था।

अंकित के खाते में 70.24 लाख रुपये में से 29 हजार रुपये आए। यह धनराशि झारखंड के रहने वाले आफताफ अहमद ने निकाली। फिर इस रुपये में से छह प्रतिशत राशि अपने कमीशन के रूप में काटकर बाकी रकम को क्रिप्टो एक्सचेंज के जरिए यूएसडीटी (यूनाइटेड स्टेट डिपार्टमेंट ऑफ ट्रेजरी) क्रिप्टोकरंसी में बदलकर चीन में बैठे सरगना के बताए पे-वॉलेट पर भेज दिया।

ठगी के रुपये की हेराफेरी करने वाले तीनों आरोपित इंजीनियरिंग के छात्र हैं। नोएडा के एक ही हॉस्टल में ये रहते हैं। यह राजफाश तब हुआ, जब दिल्ली के एजेंट सहित दो को ग्वालियर क्राइम ब्रांच की साइबर क्राइम विंग ने गिरफ्तार किया।

दो दिसंबर को आया था ठगी का कॉल

बता दें कि इंस्पेक्टर अबसार अहमद के पास दो दिसंबर को अनजान नंबर से कॉल आया था। काल करने वाले ने खुद को मुंबई साइबर ब्रांच का अधिकारी बताया था। इंस्पेक्टर अबसार को धमकी दी थी कि उनके खिलाफ मनी लांड्रिंग और पोर्नोग्राफी के केस दर्ज हैं।

30 दिन तक डिजिटल अरेस्ट रखा और 70.24 लाख रुपये की ठगी की थी। साइबर क्राइम की जांच में जिन खातों में धन गया, उसमें से एक खाता अंकित सिंह निवासी कोटा का था। इसी आधार पर सबसे पहले अंकित को पकड़ा। उससे पूछताछ हुई तो उसने अखिल सिंह का नाम बताया।