मनरेगा योजना के तहत ग्राम परसतराई में बना मुक्तिधाम सह प्रतिक्षालय

Muktidham cum waiting room built in village Parasatrai under MNREGA scheme

मनरेगा योजना के तहत ग्राम परसतराई में बना मुक्तिधाम सह प्रतिक्षालय

धमतरी। महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना की शुरूआत वर्ष 2005 से की गई है। इस योजना के तहत गरीब परिवारों को वर्ष में कम से कम 100 दिनों का रोजगार उपलब्ध करा कर उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त बनाया जाता है। इस योजना के अंतर्गत डबरी, निर्माण, तालाब निर्माण एवं गहरीकरण कार्य, कुंआ निर्माण, आंगनबाड़ी भवन निर्माण, भूमि सुधार कार्य, मुर्गी शेड निर्माण, बकरी शेड निर्माण, पशु शेड निर्माण, प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रा.) में 90 दिनों का मजदूरी भुगतान, डब्ल्यूबीएम सड़क निर्माण, स्वसहायता समूह के महिलाओं के लिए वर्कशेड निर्माण, ठोस अपशिष्ट प्रबंधन शेड निर्माण कार्य, महतारी सदन सहित मुक्तिधाम निर्माण कार्य भी कराये जाते हैं।

शासन के मंशानुरूप जिले के सभी ग्राम पंचायतों में हिन्दू धर्मावलंबी के शवों के अंतिम संस्कार के लिए मुक्तिधाम का निर्माण किया जा रहा है। पूर्व में मुक्तिधामों में सुविधाएं नहीं होने से बरसात के दिनों में शव का अंतिम संस्कार करने में काफी दिक्कतें आती थी।


महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना के तहत धमतरी विकासखण्ड के ग्राम पंचायत परसतराई में वित्तीय वर्ष 2022-23 में राशि 6.33 लाख रुपए की लागत से मुक्तिधाम सह प्रतिक्षालय निर्माण कार्य किया गया। शेड के निर्माण होने से ग्रामीणों को शव का अंतिम संस्कार करने में आसानी हो रही है। ठंड, बरसात, गर्मी के दिनों में अंतिम संस्कार करने में भी घंटों इंतजार करना पड़ता था जो अब नहीं करना पड़ता। मुक्तिधाम के समीप परिजनों व ग्रामीणजनों के बैठने के लिए प्रतिक्षालय का निर्माण किया गया है।

बता दें कि महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना अंतर्गत धमतरी विकासखंड के ग्राम पंचायत परसतराई में मुक्तिधाम का निर्माण किया गया है जिसमें लागत राशि 6.33 लाख रूपये आयी है।

इस संबंध में सरपंच परमानंद आडिल ने बताया कि मरनेगा योजना के तहत मुक्तिधाम सह प्रतिक्षालय निर्माण कार्य कराया गया है। गांव में जल संरक्षण के कार्य सहित ग्रामीणों के जीवन स्तर में बदलाव हेतु सामुदायिक उपक्रम के कार्य कराये गये हैं। साथ ही पर्यावरण को दृष्टिगत रखते हुए वृहद वृक्षारोपण का कार्य कराये गये हैं। इससे पर्यावरण को संरक्षित एवं सुरक्षित करने में मदद मिलेगी। वहीं बुनियादी ढांचे के भी कार्य कराये गये।