शादी का झांसा देकर AIIMS के डॉक्टर से 46 लाख की ठगी

AIIMS doctor duped of 46 lakhs on the pretext of marriage

शादी का झांसा देकर AIIMS के डॉक्टर से 46 लाख की ठगी

रायपुर। राजधानी के एम्स अस्पताल में कार्यरत डॉक्टर को एक महिला ने शादी और अस्पताल खोलने के सपने दिखाकर 46 लाख रुपये की ठगी का शिकार बना डाला। डॉक्टर ने महिला की बातों में आकर बैंक से 30 लाख का लोन लिया और बाकी राशि इकट्ठा कर एक फर्जी ट्रेडिंग साइट में निवेश कर दी। पैसे वापस न मिलने और महिला के संपर्क से गायब हो जाने के बाद डॉक्टर को ठगी का अहसास हुआ। मामला आमानाका थाना क्षेत्र का है।

मैट्रिमोनियल साइट से शुरू हुई दोस्ती
पीड़ित डॉक्टर राहुल कुमार रोहित ने थाने में दर्ज शिकायत में बताया कि वह टाटीबंध स्थित जैनम प्लेनेट में रहते हैं और रायपुर एम्स में पदस्थ हैं। करीब दो महीने पहले उनकी एक मैट्रिमोनियल वेबसाइट के जरिए पहचान डॉ. राधिका मुखर्जी नाम की महिला से हुई थी। महिला खुद को डॉक्टर बताती थी और व्हाट्सएप कॉल के जरिए नियमित संपर्क में रहती थी। बातचीत के दौरान दोनों के बीच शादी की चर्चा भी शुरू हो गई थी।

भविष्य में मिलकर अस्पताल खोलने का सपना दिखाया
महिला ने डॉक्टर रोहित को कहा कि वह भविष्य में अहमदाबाद में मिलकर एक अस्पताल खोलना चाहती है। इसके लिए उन्हें एक फॉरेक्स ट्रेडिंग साइट Plus500 Global CS में इन्वेस्ट करना चाहिए, जिससे जल्दी अच्छा रिटर्न मिलेगा। शुरुआत में डॉक्टर ने मना कर दिया, लेकिन महिला के लगातार दबाव और भावनात्मक प्रभाव के चलते वह तैयार हो गया।

17 बार में 46 लाख रुपये किए ट्रांसफर
डॉ. रोहित ने बताया कि महिला के कहने पर उन्होंने 3 अप्रैल से 14 मई 2025 के बीच 17 बार में करीब 46 लाख रुपये अलग-अलग बैंकों के जरिए उस साइट में ट्रांसफर किए। इनमें 30 लाख रुपये बैंक लोन से और बाकी व्यक्तिगत बचत से लगाए गए। कुछ ही समय बाद साइट पर निवेश राशि बढ़कर करीब 1 करोड़ रुपये दिखाई जाने लगी, लेकिन जब उन्होंने उसे निकालने की कोशिश की तो वह संभव नहीं हो सका।

संपर्क टूटने पर खुली ठगी की साजिश
पैसे नहीं निकलने पर जब डॉक्टर ने महिला से संपर्क करना चाहा तो फोन बंद मिला, हालांकि उसका व्हाट्सएप अब भी चालू है। इसके बाद डॉक्टर को समझ आया कि उसके साथ ठगी हो चुकी है। उन्होंने तुरंत आमानाका थाने में मामला दर्ज कराया। पुलिस ने आईटी और साइबर टीम की मदद से जांच शुरू कर दी है।

पुलिस का कहना है कि मामला संगीन है और महिला समेत पूरे ठगी नेटवर्क की तलाश की जा रही है। प्रारंभिक जांच में यह एक अंतरराज्यीय या अंतरराष्ट्रीय साइबर फ्रॉड का हिस्सा लग रहा है।

जागरूकता की सलाह
पुलिस ने लोगों को मैट्रिमोनियल साइट्स और फर्जी निवेश योजनाओं से सावधान रहने की अपील की है और किसी भी अज्ञात व्यक्ति के कहने पर आर्थिक लेन-देन न करने की चेतावनी दी है।