घनश्याम ने की राज्य शासन द्वारा समर्थन मूल्य पर धान खरीदी की सराहना

Ghanshyam praised the state government for purchasing paddy at the support price

घनश्याम ने की राज्य शासन द्वारा समर्थन मूल्य पर धान खरीदी की सराहना

शासन की नई व्यवस्था ऑनलाईन टोकन तुंहर हाथ एप्प, इलेक्ट्रानिक तौल मशीन से धान विक्रय करना हुआ आसान

राजनांदगांव।  राजनांदगांव विकासखंड के धान उपार्जन केन्द्र उपरवाह में बेचने आए ग्राम उपरवाह के किसान  घनश्याम साहू ने राज्य शासन द्वारा समर्थन मूल्य पर धान खरीदी की सराहना की। किसान श्री घनश्याम ने बताया कि वे मोबाईल एप्प से ऑनलाईन टोकन कटाकर धान उपार्जन केन्द्र उपरवाह में 18 क्ंिवटल धान विक्रय किया है। उन्होंने बताया कि शासन की नई व्यवस्था ऑनलाईन टोकन तुंहर हाथ एप्प और धान खरीदी केन्द्र में इलेक्ट्रानिक तौल मशीन उपलब्ध होने से उनका शीघ्रता एवं आसानी से धान खरीदी हो पाया इसके साथ-साथ धान खरीदी की पूरी प्रक्रिया पारदर्शिता से हुआ है। उन्होंने बताया कि धान विक्रय के 72 घंटे के भीतर उनके खाते में 41 हजार 400 रूपए राशि प्राप्त हो गई। उन्होंने इस नई व्यवस्था की सराहना करते हुए कहा कि यह किसानों के लिए अत्यंत लाभदायक है। इससे किसानों का श्रम और समय की भी बचत हो रही है। श्री घनश्याम ने खुशी जाहिर करते हुए कहा कि किसानों के वास्तविक उपज का एक-एक दाना खरीदने के लिए शासन द्वारा धान उपार्जन केन्द्र में अच्छी व्यवस्था की है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ने किसानों के वास्तविक जरूरतों और उनके मेहनत का सम्मान करते हुए प्रति एकड़ 21 क्विंटल धान 3100 रूपए में प्रति क्ंिवटल के हिसाब से खरीदने का निर्णय सराहनीय है।  शासन धान उपज की बहुत अच्छी कीमत दे रही है। उन्होंने बताया कि धान उपार्जन केन्द्र में किसानों के लिए पेयजल, छांव, स्वास्थ्य सुविधा जैसी मूलभूत सुविधा उपलब्ध है।  

किसान घनश्याम ने बताया कि उनके पास सवा दो एकड़ जमीन है। जिसमें वे खरीफ सीजन में धान और रबी मौसम में साग-सब्जी, चना और गेंहू की खेती करते हैं। जिससे अच्छी आमदनी हो जाती है। उन्होंने बताया कि दो वेरायटी के धान की खेती किया है और अच्छी उपज हुई है। उन्होंने कहा कि शासन द्वारा समर्थन मूल्य में धान खरीदने से उनको स्टोरेज की समस्या नहीं होती है। अब वे खलिहान से सीधे धान उपार्जन केन्द्र में ला लेते हैं। गांव में सोसायटी होने से उन्हें परिवहन में कोई समस्या नहीं होती है। घनश्याम ने बताया कि उनके दो बच्चे हैं। बच्चों को अच्छी शिक्षा देने के लिए और घर खर्च के लिए राशि व्यय करने की बात कही। उन्होंने बताया कि थोड़ी-थोड़ी राशि बचाकर वे जमीन खरीद रहे है। आज उसी जमीन पर खेती कर बच्चों की अच्छी शिक्षा और अपने परिवार का भरण-पोषण करते हैं। उन्होंने बताया कि वे खेती-किसानी के लिए प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना और किसान के्रडिट कार्ड से भी लाभ ले रहे हैं।

घनश्याम ने बताया कि शासन द्वारा समर्थन मूल्य में धान खरीदी के लाभ के साथ-साथ उनकी पत्नी को महतारी वंदन योजना से प्रतिमाह एक हजार रूपए मिल रहा है। खाद्यान्न सुरक्षा योजना के तहत उन्हें प्रति माह नि:शुल्क राशन मिल रहा है। स्वास्थ्य सुरक्षा के लिए उन्होंने आयुष्मान कार्ड बनाया है। उन्होंने बताया कि उनकी पत्नी का दो बार डिलीवरी के समय निजी अस्पताल में आयुष्मान कार्ड से नि:शुल्क ईलाज हुआ है और उनकी मां के आंखों का ऑपरेशन भी आयुष्मान कार्ड से नि:शुल्क हुआ है। इसके साथ ही वे शासन द्वारा संचालित विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ ले रहे हैं। श्री घनश्याम ने कहा कि जनसामान्य के लिए संचालित शासन की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनएं अत्यंत लाभकारी है। इसके लिए उन्होंने मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय को धन्यवाद ज्ञापित किया।