इंस्पेक्टर की पत्नी और IPS डांगी का मामला गरमाया, जांच शुरू...
The case of the inspector's wife and IPS Dangi heats up, investigation begins...
महिला ने उत्पीड़न तो डांगी ने लगाया ब्लैकमेलिंग का आरोप
रायपुर। छत्तीसगढ़ पुलिस महकमे में तैनात 2003 बैच के सीनियर आईपीएस अफसर रतन लाल डांगी पर एक महिला द्वारा यौन उत्पीड़न के आरोप लगाए जाने के बाद मामला तूल पकड़ता जा रहा है। आरोप लगाने वाली महिला एक सब इंस्पेक्टर की पत्नी है। वहीं, डांगी ने इस पूरे प्रकरण को ब्लैकमेलिंग की साजिश बताते हुए डीजीपी को शिकायत सौंपकर निष्पक्ष जांच की मांग की है।
सरकार ने लिया गंभीरता से जांच का निर्णय
छत्तीसगढ़ सरकार ने इस हाई-प्रोफाइल मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच के आदेश जारी कर दिए हैं। सरकार ने इस मामले की जांच का जिम्मा 2001 बैच के सीनियर आईपीएस डॉ. आनंद छाबड़ा को सौंपा है, जो रतनलाल डांगी से दो बैच सीनियर हैं। सूत्रों के अनुसार, जांच अधिकारी आनंद छाबड़ा ने महिला और आईपीएस की शिकायतों की बिंदुवार विवेचना शुरू कर दी है। छाबड़ा की रिपोर्ट के बाद सरकार आगे की कार्रवाई तय करेगी।
क्या हैं महिला के आरोप
बिलासपुर में पदस्थ एक सब इंस्पेक्टर की पत्नी ने आरोप लगाया है कि आईपीएस रतन लाल डांगी पिछले सात वर्षों से उसका शारीरिक शोषण कर रहे हैं। महिला ने शिकायत में दावा किया है कि उसके पास डांगी से जुड़े कई आपत्तिजनक डिजिटल साक्ष्य, जिनमें अश्लील वीडियो भी शामिल हैं। बताया जा रहा है कि छत्तीसगढ़ में किसी वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी के खिलाफ इस तरह के आरोप और डिजिटल सबूतों का यह पहला मामला है।
कैसे हुई मुलाकात
शिकायत के मुताबिक, वर्ष 2017 में रतन लाल डांगी कोरबा के एसपी थे, तभी सोशल मीडिया के माध्यम से महिला से उनकी जान-पहचान हुई। धीरे-धीरे बातचीत बढ़ी और महिला वीडियो कॉल के ज़रिए डांगी को योग सिखाने लगी। डांगी के राजनांदगांव और सरगुजा रेंज में पदस्थ रहने के दौरान भी संपर्क बना रहा। लेकिन महिला का आरोप है कि सरगुजा आईजी बनने के बाद डांगी का व्यवहार बदल गया और उन्होंने उत्पीड़न शुरू कर दिया।
पीड़िता के आरोप के अनुसार
महिला ने कहा कि डांगी ने अपनी पत्नी की अनुपस्थिति में बंगले पर बुलाकर उत्पीड़न किया, और चंदखुरी पुलिस अकादमी में पदस्थ होने के बाद भी वीडियो कॉल के ज़रिए प्रताड़ित करते रहे। शिकायत में लिखा है कि डांगी सुबह 5 बजे से रात 10 बजे तक वीडियो कॉल पर निगरानी जैसी स्थिति बनाए रखते थे। महिला का कहना है कि उसने पति की नौकरी पर आंच न आए इसलिए अब तक चुप्पी साधे रखी, लेकिन डांगी उसे नक्सल प्रभावित क्षेत्र में तबादले की धमकी देते थे।
आईपीएस डांगी ने लगाया ब्लैकमेलिंग का आरोप
दूसरी ओर, आईपीएस रतन लाल डांगी ने डीजीपी अरुणदेव गौतम को दी शिकायत में इस पूरे प्रकरण को ब्लैकमेलिंग की साजिश बताया है। उन्होंने लिखा है कि महिला लंबे समय से उन्हें निजी पलों के फोटो और वीडियो दिखाकर धमका रही थी, और झूठे आरोप लगाकर छवि धूमिल करने की कोशिश कर रही थी। डांगी के अनुसार, महिला आत्महत्या की धमकी देती थी, जहर की शीशी लेकर कार्यालय पहुंचती थी, और उनके पारिवारिक जीवन में हस्तक्षेप कर रही थी।
उन्होंने कहा: “उस महिला ने मेरे परिवार को नर्क बना दिया है। मेरी पत्नी और बच्चों से मेरे संबंध टूट गए हैं। मैं और मेरा परिवार मानसिक रूप से प्रताड़ित हैं।”
कौन हैं रतन लाल डांगी?
रतन लाल डांगी छत्तीसगढ़ के 2003 बैच के आईपीएस अधिकारी हैं। मूल रूप से राजस्थान के रहने वाले हैं। उन्होंने 2002 की UPSC परीक्षा में 226वीं रैंक हासिल की थी। वे बीजापुर, कांकेर, कोरबा और बिलासपुर में एसपी रह चुके हैं। उन्होंने कांकेर, दंतेवाड़ा, राजनांदगांव, सरगुजा, दुर्ग, रायपुर और बिलासपुर में डीआईजी और आईजी के पदों पर सेवा दी। वे वर्तमान में चंदखुरी पुलिस अकादमी में पदस्थ हैं। उन्हें दो बार राष्ट्रपति वीरता पदक और एक बार सराहनीय सेवा पदक मिल चुका है।
डांगी को फिटनेस और योग प्रेमी अफसर के रूप में भी जाना जाता है। सोशल मीडिया पर उनकी बड़ी फैन फॉलोइंग है। रायपुर में लागू होने जा रही कमिश्नरेट प्रणाली में वे पहले पुलिस कमिश्नर की दौड़ में माने जा रहे थे।
अब निगाहें जांच रिपोर्ट पर
यह मामला छत्तीसगढ़ पुलिस के भीतर अब तक का सबसे हाई-प्रोफाइल सेक्सुअल हैरेसमेंट और ब्लैकमेलिंग विवाद बन गया है। अब सबकी निगाहें जांच अधिकारी डॉ. आनंद छाबड़ा की रिपोर्ट पर टिकी हैं, जिसके आधार पर सरकार आगे की कार्रवाई करेगी।






