DGMO वार्ता से पहले पीएम मोदी की अहम बैठक जारी, रक्षा मंत्री, NSA डोभाल, CDS और तीनों सेना के प्रमुख मौजूद

PM Modi's important meeting continues before DGMO talks, Defense Minister, NSA Doval, CDS and the chiefs of the three armies present

DGMO वार्ता से पहले पीएम मोदी की अहम बैठक जारी, रक्षा मंत्री, NSA डोभाल, CDS और तीनों सेना के प्रमुख मौजूद

भारत और पाकिस्तान के बीच युद्धविराम लागू है, और रक्षा सूत्रों के अनुसार, सोमवार की रात जम्मू-कश्मीर और अंतरराष्ट्रीय सीमा से सटे क्षेत्रों में शांति बनी रही. यह एक महत्वपूर्ण घटना है, क्योंकि हाल के दिनों में किसी भी प्रकार की हिंसा की सूचना नहीं मिली है. इस बीच, तीनों सेना प्रमुख प्रधानमंत्री मोदी(Narendra Modi) से मुलाकात के लिए प्रधानमंत्री आवास पहुंचे, जहां रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह(Rajnaath Singh), NSA अजीत डोभाल(Ajit Doval), CDS अनिल चौहान, आर्मी चीफ उपेंद्र द्विवेदी, एयरफोर्स चीफ एपी सिंह, और नेवी चीफ डीके त्रिपाठी भी उपस्थित थे. खुफिया एजेंसी रॉ के प्रमुख रवि सिन्हा और आईबी के प्रमुख तपन डेका भी इस बैठक में शामिल हुए. यह बैठक DGMO की बैठक से पहले हो रही है, जिसमें भारत और पाकिस्तान के डीजीएमओ के बीच युद्धविराम पर वार्ता होने वाली है.

रक्षा सूत्रों के अनुसार, आज तीनों सेनाओं के डीजीएमओ एक साथ प्रेस कॉन्फ्रेंस करेंगे. इस दौरान भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव से संबंधित नवीनतम जानकारी साझा की जा सकती है.

आज भारत-पाक DGMO की बैठक

भारत और पाकिस्तान के बीच युद्धविराम तो स्थापित हो चुका है, लेकिन तनाव की स्थिति अभी भी बनी हुई है. आज दोपहर 12 बजे दोनों देशों के डीजीएमओ के बीच एक महत्वपूर्ण बैठक होने जा रही है, जो यह तय कर सकती है कि युद्धविराम को जारी रखा जाएगा या नहीं. वहीं, पाकिस्तान, जो पहले युद्धविराम की बात कर रहा था, अब आक्रामक रुख अपनाते हुए अपनी मांगें रख रहा है. पाक रक्षा मंत्री आसिफ ख्वाजा ने भारत के साथ बैठक में सिंधु जल संधि पर चर्चा की आवश्यकता जताई है. उल्लेखनीय है कि पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारत ने सिंधु जल संधि को रद्द कर दिया था और पाकिस्तान की ओर जाने वाले पानी को रोक दिया था, जिससे पाकिस्तान में असंतोष की लहर दौड़ गई है.

आज शाम सेना की अहम प्रेस कॉन्फ्रेंस संभव

दिल्ली में आज शाम भारतीय सेना द्वारा एक महत्वपूर्ण प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित किए जाने की संभावना है. इस कॉन्फ्रेंस में हाल ही में भारत और पाकिस्तान के बीच हुए संघर्षविराम समझौते और सीमा पर मौजूदा हालात पर जानकारी दी जा सकती है. सैन्य सूत्रों के अनुसार, इसमें सेना की वर्तमान स्थिति की समीक्षा, भविष्य की रणनीति और सुरक्षा प्रबंधों पर भी महत्वपूर्ण बयान दिए जाने की उम्मीद है.