खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 : जिले में अब तक 29 लाख क्विंटल से अधिक धान की हुई खरीदी

Kharif Marketing Year 2025-26: More than 29 lakh quintals of paddy has been procured in the district so far

खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 : जिले में अब तक 29 लाख क्विंटल से अधिक धान की हुई खरीदी

किसानों को 649 करोड़ रूपए से अधिक हुआ भुगतान, केन्द्रों से 17 लाख क्विंटल से अधिक धान का हुआ उठाव

मुंगेली, 02 जनवरी 2026

शासन के निर्देशानुसार तथा कलेक्टर श्री कुन्दन कुमार के कुशल मार्गदर्शन में जिले में खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 के अंतर्गत धान खरीदी कार्य पूरी तरह सुव्यवस्थित, पारदर्शी एवं किसान-हितैषी तरीके से जारी है। जिले की 66 प्राथमिक समितियों के 105 उपार्जन केंद्रों में निर्धारित समय-सारणी के अनुसार समर्थन मूल्य पर धान खरीदी सुचारू रूप से की जा रही है। जिले में 61 हजार 800 से अधिक पंजीकृत किसानों से अब तक 29 लाख 82 हजार क्विंटल से अधिक धान की खरीदी की जा चुकी है, इनमें 16 लाख 79 हजार क्विंटल मोटा धान, 134 क्विंटल पतला धान और 13 लाख 02 हजार 625 क्विंटल सरना धान की खरीदी की गई है। वहीं उपार्जन केन्द्रों से 17 लाख 95 हजार क्विंटल से अधिक धान का उठाव किया जा चुका है। 

जिले में धान खरीदी का भुगतान जिले के कुल 10 सहकारी बैंकों के माध्यम से किसानों को धान की राशि का सुविधापूर्वक भुगतान किया जा रहा है। किसानों को बैंक में लाइन लगने की समस्या ना हो, उन्हें आसानी से भुगतान की सुविधा मिले। इसके लिए किसानों को एटीएम कार्ड की सुविधा प्रदान की गई है एवं चेक बुक प्रदान किया गया है। अब तक 649 करोड़ 54 लाख रूपए से अधिक धान खरीदी का भुगतान किसानों को किया जा चुका है। जिले के सभी 66 समितियों में माइक्रो एटीएम की व्यवस्था की गई है और किसानों को एटीएम के माध्यम से आसानी से नगद भुगतान की सुविधा प्राप्त हो रही है। 10 बैंकों के माध्यम से प्रतिदिन 02 हजार से अधिक किसानों को 07 करोड़ रूपए से अधिक नगद भुगतान किया जा रहा है। 

सीमाओं एवं चेक पोस्ट पर 24 घंटे की जा रही निगरानी

       कलेक्टर के निर्देशानुसार अवैध धान भंडारण एवं परिवहन को रोकने जिले की सीमाओं एवं चेक पोस्ट पर चौकसी को और मजबूत करते हुए 24 घंटे निगरानी की जा रही है। इसके तहत संदिग्ध वाहनों परिवहन गतिविधियों पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। सभी आंतरिक चेक पोस्ट पर भी टीमों को तैनात किया गया है। निगरानी दल द्वारा रात्रिकालीन गश्त के साथ ही संदिग्ध वाहनों की सघन जांच की जा रही है। कोचियों एवं बिचौलियों के माध्यम से अवैध रूप से धान खपाने की घटनाओं पर रोक लगाने की शिकायत के लिए तथा धान खरीदी की पूरी प्रक्रिया की निगरानी हेतु इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर स्थापित किया गया है, इससे खरीदी, भंडारण और परिवहन की रियल टाइम मानिटरिंग सुनिश्चित होगी।