गोल्ड ने 2024 में इन्वेस्टर्स को किया मालामाल… नए साल के लिए जानकार दे रहे उल्टी राय

Gold will make investors rich in 2024… Experts are giving opposite opinion for the new year

गोल्ड ने 2024 में इन्वेस्टर्स को किया मालामाल… नए साल के लिए जानकार दे रहे उल्टी राय

इंदौर। सोने में निवेश करने वालों के लिए बीत रहा साल 2024 सुनहरा रिटर्न देने वाला रहा। इस वर्ष सोने ने 23 से 25 प्रतिशत तक का रिटर्न दिया। ऐसे में सोने में धन लगाने वालों की उम्मीदें आने वाले वर्ष 2025 से भी बढ़ती दिख रही है।

हालांकि विश्लेषक और बाजार के जानकार आम लोगों से उलट राय दे रहे हैं। इनका कहना है कि नए साल में सोने का रिटर्न अपेक्षाकृत आधा या उससे भी कम रह सकता है। ऐसे में सिर्फ 2024 की चकाचौंध को देखकर ही सोने में निवेश तय न कर लें।

साल 2024 में सोने के दामों ने ऐसे पकड़ी रफ्तार

30 दिसंबर 2023 को इंदौर के सराफा बाजार में सोना (24 कैरेट) के दाम 63,125 रुपये और 22 कैरेट सोने के भाव 59470 रुपये प्रति दस ग्राम थे। इस साल की शुरुआत हुई, तो भी भाव इसी स्तर पर बने रहे।

धीरे-धीरे दामों ने रफ्तार पकड़ी। इस वर्ष के बजट में सरकार ने सोने पर टैक्स में कटौती की, तो उसके बाद सप्ताहभर तो सोने के दाम नरम पड़े लेकिन दीपावली के ठीक पहले सोना (24 कैरेट) के दाम 80500 रुपये प्रति दस ग्राम तक पहुंच गए।

यानी इसी साल सोने के दाम में प्रति दस ग्राम 16775 रुपये का मुनाफा दे दिया। सोने ने करीब 25 प्रतिशत की बढ़त निवेशकों के धन में करवा दी। दिसंबर में दाम फिर घटने दिखे। अभी सोना करीब 78 हजार रुपये प्रति दस ग्राम पर बिक रहा है।

सोने पर क्यों मिला उम्मीद से बढ़कर रिटर्न?

आमतौर पर इस पीली धातु में 20 प्रतिशत से ज्यादा का सालाना रिटर्न अपेक्षा से कही बेहतर ही माना जाता है। इसके लिए वैश्विक स्थितियां जिम्मेदार रही। साल 2024 में 15 से ज्यादा देशों में संघर्ष-युद्ध और राजनीतिक तख्तापलट या संकट जैसी स्थितियां बनी।

जब-जब युद्ध और अस्थिरता दुनिया में आती है, तो सोने में निवेश बढ़ जाता है। ऐसे में सोने ने इस साल रिकॉर्ड तोड़ वृद्धि दिखाई। बुलियन कारोबारी निलेश सारड़ा कहते हैं वैश्विक अशांति के साथ ही ब्रिक्स देशों ने डॉलर को टक्कर देने के लिए 2024 में नई मुद्रा लाने की घोषणा की थी। इसने भी सोने के दाम बढ़ाने में मदद की।

अब अमेरिका की सत्ता में बदलाव हो रहा है। नए राष्ट्रपति ट्रंप के साथ अब नीतियां बदलेगी। ट्रंप की नीति सोने को सहयोग देने वाली नहीं मानी जाती। वैश्विक संघर्ष भी 2025 की शुरुआत से पहले सिमट रहे हैं। इसलिए सोना औसत वृद्धि ही दिखाएगा।