मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम के तहत स्कूलों, आश्रम-छात्रावासों में आयोजित हुई कार्यशाला

Workshops were organized in schools, ashrams and hostels under the mental health program

मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम के तहत स्कूलों, आश्रम-छात्रावासों में आयोजित हुई कार्यशाला

धमतरी। कलेक्टर नम्रता गाँधी के मार्ग दर्शन में राष्ट्रीय मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम अंतर्गत 12 अप्रैल 2024 से 8 जनवरी तक विकासखंड नगरी, धमतरी, कुरूद एवं मगरलोड के स्कूलों में शिक्षकों तथा छात्र-छात्राओं का मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम के तहत कार्यशाला का आयोजन किया गया।

जिला शिक्षा अधिकारी ने बताया कि अब जिले के सभी छात्रावास, आश्रम के अधीक्षकों के प्रशिक्षित होने के बाद छात्रावास, आश्रम के सभी छात्र-छात्राओं का 6 जनवरी 2025 से कार्यशाला आयोजन किया जा रहा है। इसके तहत अब तक कुल 185 छात्र-छात्राओं को मानसिक स्वास्थ्य का प्रशिक्षण दिया गया है। इस दौरान मानसिक स्वास्थ्य हमारे रोजमर्रा के अनुभवा का हिस्सा, शारीरिक स्वास्थ्य की तरह, हम सभी के पास मानसिक स्वास्थ्य है, अच्छा मानसिक स्वास्थ्य हमारे जीवन की गुणवत्ता को बेहतर बनाने में मदद कर सकता है और अपनी भावनाओ को कैसे नियंत्रित एवं अभिव्यक्त करते है, जिसका हमारे मानसिक स्वास्थ्य पर प्रभाव पडता है के संबंध में चर्चा की गई।

इसके साथ ही बच्चो में मानसिक स्वास्थ्य संबंधी चिंताओ को समझना जैसेः- बुलइंग, हिंसा, आर्थिक परेशानी, शैक्षाणिक समस्याए, नशीले पदार्थ का उपयोग, परिवार का साथ छुट जाना, शारीरिक बिमारी इत्यादि के बारे में भी जानकारी दी गई। इसमें स्वास्थ्य विभाग, शिक्षा विभाग, भारतीय रेडक्रास सोसायटी एवं यूनिसेफ के सहयोग से स्कूल के शिक्षकों तथा छात्र-छात्राओं के लिए मानसिक स्वास्थ्य पर आयोजित कार्यशाला में मास्टर प्रशिक्षक के द्वारा मानसिक स्वास्थ्य के बारे में जानकारी प्रदान करते हुए किशोरों में होने वाले मानसिक स्वास्थ्य समस्याओं एवं उपाय के बारे में विभिन्न खेल व एक्टिविटीज जैसे सांप सिढी, भावना चक्र, भावनात्मक पाबंदी इत्यादि के जरिए समझाया गया। गौरतलब है कि इन कार्यक्रमों का उद्देश्य बच्चों के मनोवैज्ञानिक विकास को बढ़ाना तथा परीक्षा व कॅरियर के दबाव आदि को कम कर बेहतर तनाव प्रबन्धन के गुण सीखाना हैं।