कबीरधाम जिले की बड़ी उपलब्धि : 84 ग्राम पंचायतें टीबी मुक्त घोषित

Kabirdham district's big achievement: 84 gram panchayats declared TB free

कबीरधाम जिले की बड़ी उपलब्धि : 84 ग्राम पंचायतें टीबी मुक्त घोषित

टीबी मुक्त भारत की ओर कबीरधाम का बढ़ता मजबूत कदम

कवर्धा। टीबी मुक्त भारत अभियान को मजबूत आधार देते हुए कबीरधाम जिले ने एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है। जिले की 84 ग्राम पंचायतें अब टीबी मुक्त घोषित की गई हैं, जो जिले के लिए गर्व और पूरे प्रदेश के लिए प्रेरणा का विषय बन गई हैं। यह शासन की मंशा, प्रशासन की कार्यशैली और जनसहभागिता के सम्मिलित प्रयास का सशक्त उदाहरण है। इस सफलता के पीछे प्रशासन, स्वास्थ्य विभाग और समाज की सामूहिक भागीदारी रही है। 

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व उपमुख्यमंत्री एवं कवर्धा विधायक विजय शर्मा और स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल के मार्गदर्शन में जिले में चल रहे राष्ट्रीय क्षय उन्मूलन कार्यक्रम को दिशा और गति मिली और उनके मार्गदर्शन में यह उपलब्धि संभव हो सकी है। जिले के चारों विकासखंडों में यह कार्य विस्तार से किया गया, जिसमें कवर्धा विकासखंड के 14, बोड़ला के 23, सहसपुर लोहारा के 19 और पंडरिया विकासखंड के 28 ग्राम पंचायतों ने टीबी मुक्त होने का गौरव प्राप्त किया। जिले के सभी टीबी मुक्त ग्राम पंचायत को उपमुख्यमंत्री शर्मा और स्वास्थ्य मंत्री जायसवाल कल 25 जुलाई को पी जी कॉलेज ऑडिटोरियम में दोपहर 1.15 बजे को सम्मान पत्र और स्मृति चिन्ह प्रदान करेंगे। 

कलेक्टर गोपाल वर्मा के नेतृत्व में जिले में ‘निक्षय मित्र योजना’ को प्रभावी ढंग से लागू किया गया, जिसमें जनभागीदारी को केंद्र में रखते हुए टीबी मरीजों को दवा के साथ पोषण भी उपलब्ध कराया गया। स्वयं कलेक्टर ने कवर्धा विकासखंड के चार टीबी मरीजों को गोद लेकर प्रोटीन युक्त आहार प्रदान कर उन्हें शीघ्र स्वास्थ्य लाभ दिलाया। कलेक्टर वर्मा ने कहा कि निक्षय मित्र योजना सामाजिक सहभागिता का उत्कृष्ट उदाहरण है। समाज के सक्षम व्यक्ति यदि एक मरीज की मदद करें तो टीबी जैसी बीमारी को जड़ से खत्म किया जा सकता है। उन्होंने बताया कि अब तक कई शासकीय अधिकारी, जनप्रतिनिधि, सामाजिक संगठन और नागरिक टीबी मरीजों की मदद के लिए आगे आए हैं।
कलेक्टर ने कहा कि दवा के साथ संतुलित पोषण मिलने से मरीजों के शीघ्र स्वस्थ होने की संभावना कई गुना बढ़ जाती है। सरकार की मंशा है कि टीबी मुक्त भारत का सपना केवल योजना बनकर न रहे, बल्कि गांव-गांव में इसका असर दिखाई दे। कबीरधाम की यह उपलब्धि उसी दिशा में एक मजबूत कदम है। स्वास्थ्य विभाग की सतत निगरानी, समुदाय की जागरूकता, और निक्षय मित्रों के सहयोग से कबीरधाम जिले ने यह सिद्ध कर दिखाया कि सामाजिक सहयोग और प्रशासनिक संकल्प से किसी भी बीमारी को हराया जा सकता है।