धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान से जनजातीय अंचलों में विकास को मिली नई रफ्तार

Dharti Aba Tribal Village Excellence Campaign gives new impetus to development in tribal areas

धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान से जनजातीय अंचलों में विकास को मिली नई रफ्तार

सरगुजा जिले के 973 जनजातीय परिवारों तक पहुंची बिजली, दूरस्थ बस्तियों में बुनियादी सुविधाओं का विस्तार

रायपुर, 12 जून 2026

सरगुजा जिले के 973 जनजातीय परिवारों तक पहुंची बिजली

सरगुजा जिले के 973 जनजातीय परिवारों तक पहुंची बिजलीमुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में संचालित धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान के तहत प्रदेश के जनजातीय क्षेत्रों में आधारभूत सुविधाओं के विस्तार का कार्य निरंतर जारी है। इसी क्रम में सरगुजा जिले में विद्युत विभाग द्वारा विशेष अभियान चलाकर 973 विद्युतविहीन जनजातीय परिवारों के घरों तक बिजली पहुंचाई गई है, जिससे उनके जीवन में सकारात्मक बदलाव आया है।

अभियान का उद्देश्य दूरस्थ एवं विशेष पिछड़ी जनजातीय बस्तियों तक शासन की मूलभूत सुविधाएं पहुंचाकर सामाजिक एवं आर्थिक विकास को गति देना है। सरगुजा जिले में विभिन्न ग्रामों एवं दुर्गम जनजातीय क्षेत्रों में विद्युत लाइन विस्तार कर उन परिवारों को विद्युत सुविधा उपलब्ध कराई गई है, जो अब तक इससे वंचित थे।

लाभान्वित परिवारों में विकासखंड मैनपाट के 296, उदयपुर के 166, सीतापुर के 141, लखनपुर के 135, लुंड्रा के 112, बतौली के 76 तथा धौरपुर के 47 परिवार शामिल हैं। विद्युत सुविधा उपलब्ध होने से बच्चों की पढ़ाई, स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच, घरेलू कार्यों की सुगमता तथा आजीविका संबंधी गतिविधियों को नया बल मिला है।

विद्युतीकरण कार्य के तहत 45 किलोमीटर 11 केवी विद्युत लाइन का विस्तार, 22 नए विद्युत ट्रांसफार्मरों की स्थापना तथा 237 किलोमीटर निम्नदाब (एलटी) लाइन का निर्माण किया गया है। इस कार्य पर कुल 7 करोड़ 95 लाख रुपये की राशि व्यय की गई है।

धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान के माध्यम से प्रदेश सरकार जनजातीय समुदायों को विकास की मुख्यधारा से जोड़ने के लिए प्रतिबद्ध है। बिजली जैसी बुनियादी सुविधा की उपलब्धता से इन क्षेत्रों में शिक्षा, स्वास्थ्य, संचार और रोजगार के नए अवसर सृजित हो रहे हैं, जिससे जनजातीय समाज के समग्र विकास को नई दिशा मिल रही है।