बच्चों के अस्थाई संरक्षण के लिये इच्छुक भावी अभिभावक कर सकते हैं आवेदन

Interested prospective parents can apply for temporary protection of children

बच्चों के अस्थाई संरक्षण के लिये इच्छुक भावी अभिभावक कर सकते हैं आवेदन

कोरबा। जिले में संचालित किशोर न्याय (बालकों की देखरेख और संरक्षण) अधिनियम अंतर्गत पंजीकृत बाल देखरेख संस्थाओं में निवासरत देखरेख और संरक्षण की आवश्यकता वाले बालकों को किशोर न्याय (बालकों की देखरेख और संरक्षण) अधिनियम तथा मॉडल गाइड लाइन फॉर फॉस्टर केयर के प्रावधानानुसार अस्थाई संरक्षण में दिये जाने हेतु फास्टर केयर  में भारतीय दम्पति आवेदन कर सकते है।

फास्टर केयर  परिवार का दायित्व होगा कि वह बालक को समुचित भोजन, वस्त्र, आश्रय, शिक्षा/उच्च शिक्षा, देखभाल एवं संरक्षण, आवश्यकतानुसार सभी प्रकार की चिकित्सा/उपचार, आयु एवं रूचि अनुसार व्यवसायिक प्रशिक्षण, बालक की विकास संबंधी आवश्यकताओं, की पूर्ति, बालक की शोषण, दुर्व्यवहार, हानि, उपेक्षा से सुरक्षा तथा बालक एवं उसके जैविक परिवार की निजता का सम्मान करें। इसके साथ ही फास्टर केयर मार्गदर्शिका में उल्लेखित सभी दायित्व एवं शर्तों तथा बालक कल्याण समिति एवं जिला बाल संरक्षण ईकाई के निर्देशों का पालन अनिवार्य होगा। 

ऐसे भारतीय दंपति जो देखरेख और संरक्षण की आवश्यकता वाले बालकों को अस्थाई रूप से संरक्षण में लेना चाहते है, वे कार्यालय जिला बाल संरक्षण इकाई, महिला एवं बाल विकास विभाग, नया जिला परिवहन कार्यालय के पास, तहसील रोड, जिला- कोरबा (छ.ग.) में संपर्क कर निर्धारित प्रपत्र में आवेदन कर सकते है। आवेदन के पश्चात् उक्त अधिनियम एवं गाइड लाइन के प्रकाश में गृह अध्ययन प्रतिवेदन तथा स्पान्सरशिप एवं फास्टर केयर अनुमोदन समिति की अनुशंसा के आधार पर जिले की बालक कल्याण समिति द्वारा देखरेख एवं संरक्षण हेतु बालक, संबंधित दंपति को फास्टर केयर में दिया जा सकेगा।