मनोहर गौशाला के शोध कार्यों और जैविक पद्धति की हुई सराहना
Manohar Gaushala's research work and organic methods were appreciated
प्राकृतिक खेती और हर्बल खेती को बढ़ावा देने पर जोर
रायपुर। प्राकृतिक खेती और औषधीय पौधों के संरक्षण को लेकर रायपुर के बलौदा बाजार रोड स्थित एसएफआरटीआई परिसर में चर्चा आयोजित की गई। कार्यक्रम में जड़ी-बूटियों और हर्बल खेती में रासायनिक खाद के बजाय गोबर और गौमूत्र से तैयार जैविक खाद के उपयोग पर जोर दिया गया। विशेषज्ञों ने कहा कि इससे औषधीय पौधों की गुणवत्ता और शुद्धता बनाए रखने में मदद मिलेगी।
कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ आदिवासी स्थानीय स्वास्थ्य परंपरा एवं औषधीय पादप बोर्ड के मुख्य कार्यपालन अधिकारी और सेवानिवृत्त आईएफएस अधिकारी जेएसीएस राव ने मनोहर गौशाला के ट्रस्टी डॉ. अखिल जैन का खस की माला पहनाकर सम्मान किया। इस दौरान जीव जंतु कल्याण बोर्ड भारत सरकार के सदस्य सुनील मानसिंहका भी मौजूद रहे।






